चमोली
Trending

Pilgrimage Tourism : महिला समूहों की आर्थिकी का आधार बन रही है पर्यटन और तीर्थयात्रा

The Prime Minister appealed to tourists to buy local products.

Pilgrimage Tourism :  महिला समूहों की आर्थिकी का आधार बन रही है पर्यटन और तीर्थयात्रा  :-  उत्तराखंड  (Uttarakhand ) में चारधाम यात्रा (Chardham Yatra 2025) और पर्यटन गतिविधियां, महिला स्वयं सहायता समूहों की आर्थिकी का आधार बनते जा रहे हैं।

ग्राम्य विकास विभाग (Rural Development Department)  के अधीन संचालित उत्तराखंड राज्य ग्रामीण (Rural Development Department) आजीविका मिशन द्वारा श्रद्धालुओं और पर्यटकों को उत्तराखंड की समृद्ध परंपरा और संस्कृति से परिचित कराने के साथ ही ग्रामीण महिलाओं की आर्थिक में सुधार के लिए प्रमुख धार्मिक और पर्यटन स्थलों पर 110 ‘यात्रा आउटलेट्स’ स्थापित किए गए हैं। जो स्थानीय ग्रामीण महिलाओं द्वारा निर्मित उत्पादों को बाजार उपलब्ध कराने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं ।

तुलसी के पत्तों का पानी पीने के फायदे

ग्राम्य विकास विभाग (Rural Development Department) के मुताबिक यात्रा आउटलेट्स पर हस्तनिर्मित ऊनी वस्त्र (Handmade woolen garments at travel outlets) , पहाड़ी मसाले (mountain spices) , जैविक अचार, स्मृति चिन्ह, मिलेट-आधारित खाद्य पदार्थ बिक्री के लिए उपलब्ध रहते हैं। ‘यात्रा आउटलेट्स’ न केवल महिलाओं को आत्मनिर्भर बनने में कारगर साबित हुए हैं, बल्कि राज्य की सांस्कृतिक धरोहर को प्रचारित करने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई है।

यात्रा आउटलेट्स की संख्या

चमोली 16
देहरादून 02
हरिद्वार 11
नैनीताल 10
पौड़ी 15
रुद्रप्रयाग 15
टिहरी 20
उत्तरकाशी 21

पांच लाख महिलाएं जुड़ी हैं समूहों से

उत्तराखंड राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन (यूएसआरएलएम) के जरिए राज्य के 13 जनपदों के 95 विकास खंडों में 67,172 स्वयं सहायता समूहों (एसएचजी) का गठन किया गया है, जिनसे लगभग 5 लाख ग्रामीण महिलाओं को जोड़ा गया है। राज्य सरकार द्वारा यात्रा आउटलेट्स, सरस केंद्र, और ग्रोथ सेंटर के जरिए इन समूहों के उत्पादों की बिक्री के लिए सहायता प्रदान करती है। यूएसआरएलएम के सहयोग से महिला समूहो द्वारा राज्य में 8 मिलेट बेकरी इकाइयाँ स्थापित की गई हैं।

प्रधानमंत्री ने की पर्यटकों से स्थानीय उत्पाद खरीदने की अपील

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी  (Prime Minister Narendra Modi) ने भी राज्य में आने वाले पर्यटकों से अपने घूमने के खर्च का पांच प्रतिशत स्थानीय उत्पाद खरीदने पर खर्च करने की अपील की है। निस्संदेह इससे आने वाले समय में इन महिला समूहों की आय में बढ़ोतरी होगी।

खाली पेट पपीता खाने के फायदे

मुख्यमंत्री (Chief Minister ) ने कहा कि सरकार का स्पष्ट मत है कि ग्रामीण महिलाओं की आर्थिकी को मजबूत बनाकर ही राज्य तरक्की के पथ पर आगे बढ़ सकता है। इसलिए महिला स्वयं सहायता समूहों द्वारा तैयार उत्पाद को बाजार उपलब्ध कराया जा रहा है, सरकार समूहों से जुड़ी महिलाओं के लिए लखपति दीदी (Lakhpati Didi) योजना भी चला रही है।

Leena Kumari

InsideNewsPostUK is a digital news portal dedicated to delivering timely, accurate, and insightful coverage of current events across the world. From politics and business to entertainment, technology, and lifestyle, we aim to inform and engage readers with in-depth reporting, expert analysis, and diverse perspectives. With a commitment to journalistic integrity and digital innovation, InsideNewsPostUK strives to be a trusted source for breaking news and thoughtful commentary in a rapidly changing media landscape.

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button