Dhurandhar : धुरंधर के अतीफ मतलब खौफनाक अतीक का सच !
First murder at the age of 17.
Dhurandhar : धुरंधर के अतीफ मतलब खौफनाक अतीक का सच ! :- धुरंधर-2 फिल्म में दिखाए गए सीन से गैंगस्टर अतीक अहमद की हत्या एक बार फिर से चर्चा में आ गई है। अतीक अहमद को अप्रैल 2023 में प्रयागराज में पुलिस हिरासत में रहते हुए, कैमरे के सामने गोली मार दी गई थी।
कुछ युवक पत्रकार के रूप में आए थे और बीच भीड़ में घुसकर अतीक अहमद और उसके भाई की हत्या कर दी थी। इसके बाद बवाल मच गया था। तो चलिए आज हम बताने जा रहे हैं अतीक अहमद के आतंक की 5 खौफनाक कहानियां जिन्हें जानकर अभी भी लोग खौफ में आ जाते हैं…
17 साल की उम्र में पहली हत्या
अतीक अहमद ने 17 साल की उम्र में अपराध की दुनिया में पहला कदम रखा, जब उसने एक व्यक्ति की बेरहमी से हत्या कर दी थी। यह उस पर दर्ज हुआ हत्या का पहला केस था। इसके बाद तो वह पीछे मुड़कर नहीं देखा। उसने अपने भाई अशरफ और दूसरे लोगों के साथ मिलकर गैंग खड़ा किया। फिर शुरू हो गया रंगदारी, हत्या और वसूली का खेल।
25 जनवरी, 2005 को दोपहर लगभग 3 बजे का समय था। तत्कालीन इलाहाबाद पश्चिम से बसपा विधायक राजू पाल एसआरएन अस्पताल के पोस्टमार्टम कक्ष से धूमनगंज क्षेत्र के नीवा स्थित अपने घर लौट रहे थे। अस्पताल जाने का कारण उनके निर्वाचन क्षेत्र के एक छात्र की हत्या थी।
पाल अपने चार साथियों के साथ एक अन्य एसयूवी में थे।जैसे ही दोनों वाहन जीटी रोड स्थित सुलेमसराय पहुंचे, पाल और उनके साथियों को एक दर्जन से अधिक सशस्त्र हमलावरों ने घेर लिया और उन पर गोलियों की बौछार कर दी। पाल अपनी एसयूवी चला रहे थे। लगातार गोलीबारी से इलाके में दहशत फैल गई।
दोनों एसयूवी के आपस में टकराने पर राहगीर इधर-उधर भागने लगे। गोलीबारी और चीख-पुकार की आवाज शांत होने तक, मौजूदा विधायक की दिनदहाड़े हत्या हो चुकी थी। पाल को कई गोलियां लगी थीं।
उमेश पाल हत्याकांड (2023)
24 फरवरी 2023 को उमेश पाल की उनके घर के बाहर अहमद के गिरोह के संदिग्ध बंदूकधारियों ने गोली मारकर हत्या कर दी। सीसीटीवी फुटेज में उमेश, जो एक वकील और 2005 में राजू पाल की हत्या के मामले में अहम गवाह थे, अपने घर के पास एक सफेद हुंडई एसयूवी से उतरते हुए और फोन पर बात करते हुए दिखाई दिए।
माफिया डॉन अतीक अहमद के बेटों मोहम्मद उमर और अली अहमद, उनकी पत्नी और अन्य लोगों के खिलाफ चार्जशीट दायर की गई थी। इस मर्डर केस में भी अतीक अहमद का ही हाथ माना जा रहा था।
प्रयागराज के पैलेस टॉकिज के पीछे करोड़ों की जमीन थी जिस पर अतीक ने जबरदस्ती कब्जा कर लिया था। इतना ही नहीं, लखनऊ के हजरतगंज के व्यापारी जगदीश गुरनानी को बंदूक के दम पर जमीन पर अवैध कब्जा कर लिया। जबरदस्ती दीवार खड़ा करने लगा। टोकने पर सीधे रजिस्ट्री ऑफिस आने को कहा गया।
अतीक अहमद ने इलाहाबाद की सैम हिगिनबॉटम यूनिवर्सिटी में उस समय दहशत पैदा कर दिया था जब अतीक अहमद और उसके गुंडे कई हथियारों के साथ वहां पहुंच गए और शिक्षकों को राइफल की नोंक पर खड़ा कर दिया।दरअसल, अतीक के बेटे को घर पर ट्यूशन पढ़ाने वाला इसी यूनिवर्सिटी का छात्र था और परीक्षा में नकल करते हुए पकड़ा गया था।
उसे सस्पेंड किया गया तो अतीक ने अपनी गुंडई से पूरी यूनिवर्सिटी में दहशत मचा दी।अपने खिलाफ गवाही देने वालों का अपहरण और हत्या, और पुलिसकर्मियों को भी धमकाने का काम करता था। अतीक अहमद के खिलाफ 160 से अधिक मामले थे। उत्तर प्रदेश पुलिस ने अहमद और उसके परिवार की 11,684 करोड़ रुपये की संपत्ति जब्त कर ली थी।
अतीक अहमद की पत्नी शाइस्ता परवीन 3 साल से फरार चल रही है। 6 राज्यों में तलाश के बावजूद वह नहीं मिल पाई है। शाइस्ता परवीन पर उमेश पाल की हत्या में साजिश के अलावा ठगी, आर्म्स एक्ट समेत कुल 7 मुकदमे दर्ज हैं। उसके खिलाफ 200 करोड़ से ज्यादा की बेनामी संपत्ति का भी मामला दर्ज है। शाइस्ता के नाम से दो मकान थे, दोनों को ही प्रशासन ने गिरा दिया है। वह 27 फरवरी 2023 से फरार है।



